भारत तभी शक्तिशाली बन सकता है जब उसके छोटे-छोटे उद्योग धन्धों को नई प्रौद्योगिकी का प्रयोग कर विकसित किया जाए : कश्मीरी लाल

कुरुक्षेत्र 11 मई, भारत को आर्थिक रूप से समृद्ध और सशक्त बनाने में स्वदेशी का महत्वपूर्ण योगदान है। भारत तभी शक्तिशाली बन सकता है जब उसके छोटे-छोटे उद्योग धन्धों को विकसित करके नई प्रौद्योगिकी का प्रयोग किया जाए। यह कहना है स्वदेशी जागरण मंच के राष्ट्रीय संगठक कश्मीरी लाल का। वह आज कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के…

भारतीय संस्कृति का परिचायक है योग – प्रो. कुठियाला

कुरूक्षेत्र 22 जून : विवेकानन्द योग संस्थान, बैंगलूरू के तत्वाधान में आयोजित मधुमेय मुक्त भारत साप्ताहिक योग शिविर का शुभारम्भ कुरूक्षेत्र विश्वविद्यालय परिसर के सीनियर सैकेंडरी माॅडल स्कूल में प्रातकालीन मंत्रोच्चारण के साथ शुरू हुआ। इस शिविर का उदघाटन माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय के कुलपति एवं पंचनद शोध संस्थान के निदेशक प्रोफेसर…

पाश्चात्य संस्कृति के बढते प्रभाव ने भारत में धर्म की परिभाषा बदल दी है : डॉ.सुरेन्द्र मोहन मिश्रा

कुरुक्षेत्र 31-12-2014, पंचनद शोध संस्थान, अध्यन केन्द्र कुरुक्षेत्र के तत्वाधान में धर्म और राष्ट्रीय एकता विषय पर एक मासिक विचार गोष्ठी का आयोजन गीता निकेतन आवासीय विद्यालय के परिसर में हुआ | गोष्ठी में मुख्य वक्ता के तौर पर डॉ सुरेन्द्र मोहन मिश्रा , प्रोफेसर, संस्कृत, पाली एवं प्राकृत विभाग, कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय, ने शिरकत की…

सभी वर्गों की भागीदारी से होगा अर्थव्यवस्था में सुशासन : कुठियाला

कुरूक्षेत्र , 3 नवंबर : भारतीय अर्थव्यवस्था तभी अच्छी बन सकती है जब इसे भारतीय संदर्भ के अुनसार संचालित किया जाए। यह कहना है पंचनद शोध संस्थान के निदेशक एवं माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल के कुलपति प्रो बी के कुठियाला । वह आज गीता निकेतन आवासीय विद्यालय के प्रांगण में पंचनद शोध…